क्या आपको भी ज्यादा पसीना आता है ?

 



क्या आपको भी ज्यादा पसीना आता है ?

पसीना आना एक नेचुरल प्रक्रिया है।जब भी आप गर्म वातावरण में होते हैं, फिजिकल एक्टिविटी करते हैं, स्ट्रेस (Stress) में होते हैं या फिर गुस्सा या डर का सामना कर रहे होते हैं तो आपको पसीना आना नॉर्मल सी बात है।लेकिन अमेरिकन एकैडमी ऑफ डर्मेटॉलजी से जुड़े डर्मेटॉलजिस्ट बेन्जामिन बारान्किन कहते हैं, 'ज्यादातर मौकों पर लोगों के लिए यह अंतर करना मुश्किल होता है कि उन्हें सामान्य रूप से पसीना आ रहा है या फिर किसी कारण या बीमारी की वजह से लेकिन हाइपरहाइड्रोसिस यानी बहुत अधिक पसीना आने की समस्या उन लोगों को होती है जिन्हें ठंडे वेदर में, बिना कोई फिजिकल एक्टिविटी किए या फिर बिना किसी अन्य स्पष्ट कारण के दूसरों से ज्यादा पसीना आता है।
कुछ अन्य कारण भी हो सकते है जैसे :

मेनोपॉज (Menopause) या रजोनिवृत्ति (महिलाओे में पीरियड्स बंद हो जाने के बाद की स्थिति)


थायराइड (Thyroid): जब किसी मरीज को हाइपोथायरॉयडिज्म की बीमारी हो जाती है तो उसका शरीर हीट और गर्मी के प्रति बेहद संवेदनशील हो जाता है और इस वजह से बहुत अधिक पसीना आने की दिक्कत होने लगती है।

डायबिटीज (Diabetes): जो लोग इंसुलिन या डायबिटीज की दवा लेते हैं उनके शरीर में कई बार ब्लड ग्लूकोज का लेवल कम हो जाता है तो इस वजह से भी उन्हें रात के समय बहुत अधिक पसीना आने लगता है। हालांकि एक बार जब ग्लूकोज लेवल सामान्य हो जाता है फिर पसीना नहीं आता।


हार्ट फेलियर (Heart Failure): अचानक बहुत अधिक पसीना आना हार्ट अटैक, हार्ट फेलियर या हृदय से संबंधित किसी अन्य गंभीर बीमारी का भी संकेत हो सकता है। हालांकि हार्ट अटैक होने पर सिर्फ पसीना नहीं आएगा बल्कि चेस्ट पेन समेत कई और लक्षण भी दिखेंगे।


शराब की लत (Alcoholism): अल्कोहल शरीर के सेंट्रल नर्वस सिस्टम, सर्कुलेटरी सिस्टम समेत कई और हिस्सों को भी प्रभावित करता है। बहुत अधिक शराब पीने की वजह से हार्ट रेट बढ़ जाता है और इस कारण बहुत अधिक पसीना आने की दिक्कत हो सकती है।


रूमेटाइड आर्थराइटिस (Rheumatoid Arthritis): यह एक ऑटोइम्यून बीमारी है जिसमें हड्डियों के जोड़ में इन्फ्लेमेशन होने लगता है. इस बीमारी से पीड़ित कुछ मरीजों में रात के समय बहुत अधिक पसीना आने की भी दिक्कत देखने को मिलती है।


इसके अलावा जिन लोगों को ऐंग्जाइटी (घबराहट और बेचैनी ) की समस्या होती है उन लोगों में भी सामान्य लोगों की तुलना में ज्यादा पसीना आता है. साथ ही कई बार कुछ दवाइयों की वजह से भी ज्यादा पसीना आ सकता है।
इसलिए पहले अपने डाॅ से परामर्श ले और जरूरी जांच करवाये जिससे पसीना आने के सही कारण का पता चल सके ।

कारण का पता चलने पर अगर समस्या सामान्य है तब अपने डाॅ के निर्देशानुसार इलैक्ट्रोहोम्योपैथिक मेडिसिन का चयन कर सकते है यह मेडिसिन पूर्णतः हर्बल पेड पौधो से तैयार की जाती है और इनका कोई साइड इफैक्ट्स भी नही होता है ।



टिप्पणियाँ

इस ब्लॉग से लोकप्रिय पोस्ट

वेरीकोज वेन्स कारण, लक्षण और उपचार

पित्त की पथरी और इलैक्ट्रोहोम्योपैथिक उपचार ?

फैटी लीवर और इलैक्ट्रोहोम्योपैथी